≡ Menu






मोदी के पास किसानों के लिए टाइम नहीं है क्योंकि नवाज़ शरीफ की मां की तबियत खराब है

नई दिल्ली (नेशनल दस्तक)। पूरे देश में किसान आंदोलन की आग भड़क उठी है, कहीं किसान आत्महत्या कर रहे हैं तो कहीं सरकार ही उनपर गोली चलवा दे रही है। वहीं इस मामले में पीएम मोदी की चुप्पी किसानों को अंदर ही अंदर खा रही होगी। किसानों को पीएम मोदी का वो पोस्टर याद आ रहा होगा जिसपर लिखा था “बहुत हुआ किसानों पर अत्याचार, अबकी बार मोदी सरकार”

abki baar modi sarkar

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पाकिस्‍तान के पीएम नवाज शरीफ के बीच कजाकिस्‍तान की राजधानी अस्‍ताना में मुलाकात हुई है। शंघाई को-ऑपरेशन ऑर्गनाइजेशन (SCO) शिखर सम्मेलन से ठीक पहले लीडर्स लाउंज में पीएम मोदी ने नवाज शरीफ उनकी सेहत के बारे में पूछा। साथ ही उनकी मां और परिवार का भी हाल-चाल जाना।

जैसे पीएम मोदी ने नवाज़ शरीफ़ की माँ और परिवार का हाल पूछा, काश प्रधानसेवक देश में मर रहे व हत्या किए जा रहे किसानों और जवानों की मां का हाल भी पूछ लेते। लेकिन अफसोस पीएम के पास नवाज शरीफ और उनकी मां का हाल जानने का समय तो है लेकिन हत्या किए जा रहे किसानों के लिए टाइम नहीं है। पूरे दुनिया को जिस ट्विटर से पीएम मोदी बधाई और श्रद्धांजली देते हैं उस ट्विटर का इस्तेमाल भी पीएम ने किसानों के मौत पर नहीं किया। शायद उन किसानों की लाश पीएम के एक ट्विट के लायक भी नहीं थी।

kisan image

देश की थाली में रोटी रखने वाले भूखे मर रहे हैं, और प्रधानसेवक ट्विटर पर योगा की वीडियो शेयर कर रहे हैं। कृषि प्रधान देश के किसान पेड़ से लटक रहे हैं और प्रधानसेवक विदेश की दुर्घटनाओं पर शोक जता रहे हैं। पीएम के दरबार दिल्ली में आकर किसान अपना मूत्र पी रहे हैं, और प्रधानसेवक विदेश का दौरा कर रहे हैं। वाकई, सबके बस की बात नहीं है इतना बहादुर होना। निश्चय ही इसके लिए 56 इंच वाले सीने की ज़रूरत पड़ेगी जो हमारे प्रधानसेवक के पास है।

namo doing yoga

{ 0 comments… add one }

Leave a Comment